सुकमा में महिला कांग्रेस का शक्ति प्रदर्शन, 21 जुलाई को संसद घेराव का ऐलान
सुकमा। जिला मुख्यालय स्थित राजीव भवन में रविवार को महिला कांग्रेस द्वारा “33 प्रतिशत महिला आरक्षण अभियान” के तहत एक विशेष बैठक आयोजित की गई। कार्यक्रम में महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव तूलिका कर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं।

राजीव भवन पहुंचने पर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हरीश कवासी, महिला कांग्रेस की पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने उनका पुष्पगुच्छ और फूल-मालाओं से स्वागत किया। इसके बाद बैठक का शुभारंभ हुआ।
बैठक में एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग की महिलाओं को 33 प्रतिशत महिला आरक्षण का प्रभावी लाभ सुनिश्चित कराने तथा अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। महिला सशक्तिकरण, सामाजिक न्याय और महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने के लिए संगठन को और सक्रिय बनाने पर भी विचार-विमर्श हुआ।

मुख्य अतिथि तूलिका कर्मा ने कहा कि महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी लोकतंत्र को मजबूत बनाती है और कांग्रेस महिलाओं को उनका संवैधानिक अधिकार दिलाने के लिए लगातार संघर्ष कर रही है। उन्होंने बताया कि 21 जुलाई 2026 को संसद के मानसून सत्र के दौरान देशभर से महिला कांग्रेस की हजारों कार्यकर्ता नई दिल्ली में संसद भवन का घेराव करेंगी और 33 प्रतिशत महिला आरक्षण को तत्काल प्रभाव से लागू करने की मांग उठाएंगी। उन्होंने सुकमा सहित पूरे प्रदेश की महिला कार्यकर्ताओं से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष हरीश कवासी ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस पार्टी हमेशा महिलाओं के सम्मान और अधिकारों के लिए प्रतिबद्ध रही है। उन्होंने कहा कि सुकमा जिले में महिला कांग्रेस इस अभियान को घर-घर तक पहुंचाकर अधिक से अधिक महिलाओं को इससे जोड़ेगी।
बैठक के अंत में महिला कांग्रेस की पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री Narendra Modi के नाम पोस्टकार्ड लिखकर 33 प्रतिशत महिला आरक्षण को शीघ्र लागू करने की मांग की। इसके बाद सभी कार्यकर्ता सामूहिक रूप से सुकमा डाकघर पहुंचीं और पोस्टकार्ड भेजे। महिला कांग्रेस ने इसे महिलाओं की आवाज केंद्र सरकार तक पहुंचाने की लोकतांत्रिक पहल बताते हुए अभियान को और तेज करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला कांग्रेस की पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।
